स्वतंत्रता दिवस
स्वतंत्रता दिवस हर साल 15 अगस्त को मनाया जाता है। इसी दिन भारत लंबे संघर्ष के बाद अंग्रेज़ी शासन से आज़ाद हुआ। यह दिन उन अनगिनत लोगों को याद करने का है, जिन्होंने आज़ादी के लिए अपना जीवन लगा दिया।
यह दिन कैसे मनाया जाता है
- प्रधानमंत्री दिल्ली के लाल किले पर तिरंगा फहराते हैं और देश को संबोधित करते हैं।
- स्कूलों, दफ़्तरों, कॉलोनियों और गाँवों में ध्वजारोहण, राष्ट्रगान और देशभक्ति के गीत होते हैं।
- उत्तर भारत के कई शहरों, खासकर पुरानी दिल्ली और लखनऊ में, इस दिन पतंग उड़ाने का पुराना चलन है।
भक्ति और आज़ादी का रिश्ता
आज़ादी की लड़ाई में भजन और कीर्तन ने बड़ा काम किया। प्रभात फेरियों में रघुपति राघव राजा राम गाया जाता था और गीता का कर्मयोग बहुत से सेनानियों की प्रेरणा था। 15 अगस्त महर्षि अरविंद का जन्मदिन भी है, जो पहले क्रांतिकारी और बाद में योगी बने। इसलिए कई परिवार इस दिन सुबह की पूजा में देश के लिए प्रार्थना जोड़ते हैं।
पंचांग की नज़र से
स्वतंत्रता दिवस अंग्रेज़ी तारीख से तय है, तिथि से नहीं। यह सावन-भादों का समय होता है, इसलिए कई सालों में रक्षाबंधन या जन्माष्टमी इसके आसपास या इसी दिन पड़ जाते हैं, और घरों में तिरंगे के साथ राखी या झूले की सजावट भी दिखती है। सावन के व्रत-नियम सावन मास लेख में पढ़ें। देश से जुड़ा दूसरा बड़ा दिन गणतंत्र दिवस है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
स्वतंत्रता दिवस कब मनाया जाता है?
15 अगस्त को और किसका जन्मदिन है?
क्या स्वतंत्रता दिवस और रक्षाबंधन एक साथ पड़ सकते हैं?
इस दिन पतंग क्यों उड़ाते हैं?
टिप्पणियाँ
टिप्पणी लिखने के लिए लॉगिन करें
टिप्पणियाँ लोड हो रही हैं...
